किराडू मंदिर: रहस्यों और अद्वितीय शैली का संगम
जयपुर। राजस्थान के बाड़मेर जिले के रेगिस्तान में स्थित किराडू मंदिर अपनी रहस्यमयता और अनोखी शैली के लिए अलग पहचाना जाता है। यह कोई साधारण मंदिर नहीं है, बल्कि पांच मंदिरों का एक समूह है, जिसमें से एक मुख्य मंदिर भगवान विष्णु को और बाकी चार महादेव को समर्पित हैं। खास बात यह है कि यह उत्तर भारत में होने के बावजूद दक्षिण भारतीय शैली में निर्मित है। किराडू मंदिर की खूबसूरती देखकर इसे राजस्थान का खजुराहो भी कहा जाता है। प्रत्येक दीवार, खंभा और छत नक्काशी से भरी हुई है, जो हजारों साल पुराने इन मंदिरों की कला और परिश्रम को दर्शाती है। इस समूह का प्रमुख मंदिर सोमेश्वर मंदिर है, जो भगवान शिव को समर्पित है, जबकि अन्य चार मंदिर भगवान विष्णु के लिए बनाए गए हैं। समय के साथ कई मूर्तियां टूट चुकी हैं, लेकिन मंदिर की भव्यता और रहस्य आज भी बरकरार है। स्थानीय लोगों का मानना है कि इस मंदिर के पीछे एक साधु का श्राप जुड़ा हुआ है।
कहा जाता है कि कई साल पहले एक साधु अपने शिष्यों के साथ किराडू आए और कुछ समय रुकने के बाद देश भ्रमण के लिए निकल पड़े। उनके शिष्य अचानक बीमार पड़ गए, लेकिन गांव के लोग मदद करने से इनकार कर गए। केवल एक कुम्हारिन ने उनकी सेवा की। जब साधु वापस आए और शिष्यों की इस हालत को देखा, तो उनका गुस्सा सातवें आसमान पर था। उन्होंने पूरे क्षेत्र पर श्राप दे दिया कि जहां मानवता का अभाव हो, वहां के लोग भी पत्थर बन जाएं। साधु ने उस कुम्हारिन को भी चेतावनी दी कि वह शाम से पहले गांव छोड़ दे और कभी पीछे मुड़कर न देखे। लेकिन कुम्हारिन ने पीछे मुड़कर देखा और वह भी पत्थर में बदल गई। तभी से कहा जाता है कि जो कोई भी किराडू मंदिर में शाम के बाद ठहरता है, वह पत्थर बन जाता है।
आज भी किराडू मंदिर एक धार्मिक स्थल के साथ-साथ ऐतिहासिक और रहस्यमय अनुभव प्रदान करता है। सुबह यहां पूरा परिसर जीवंत और चहल-पहल से भरा होता है, लेकिन जैसे ही शाम होती है, लोग जल्दी बाहर निकलने लगते हैं। कोई भी शाम के बाद मंदिर में ठहरना पसंद नहीं करता, और यह रहस्य और कहानी अभी भी स्थानीय लोगों और यात्रियों के बीच जीवित है।

Tamil Nadu Elections 2026: BJP की पहली लिस्ट जारी, 27 उम्मीदवार घोषित, अन्नामलाई बाहर
केरल में पीएम मोदी का तीखा हमला: ‘अब गांधी वाली कांग्रेस खत्म
रेल यात्रियों के लिए खुशखबरी, पटरी पर लौटी 14 ट्रेनें
अमेरिकी सांसदों का MATCH एक्ट पेश, चीन की सेमीकंडक्टर पहुंच पर रोक
ईरान युद्ध के बीच कुवैत की सरकारी तेल रिफाइनरी पर तीसरी बार हमला
MP में गैस किल्लत के बीच ठगी, 30 सिलेंडर लेकर कर्मचारी फरार